— पंजाब पुलिस धोखाधड़ी करने वाले इमिग्रेशन नेटवर्क के खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए प्रतिबद्ध: डीजीपी गौरव यादवचंडीगढ़, 12 फरवरी: Prime Punjab
राज्य के भोले-भाले लोगों का शोषण करने वाले धोखेबाज़ इमिग्रेशन सलाहकारों पर अपनी कार्रवाई जारी रखते हुए, पंजाब पुलिस द्वारा गठित विशेष जांच टीम (एसआईटी) ने ट्रैवल एजेंटों के खिलाफ दो और एफआईआर दर्ज की हैं, जिससे कुल एफआईआर की संख्या 10 हो गई है।ये नई एफआईआरज उन एजेंटों के खिलाफ दर्ज की गई हैं, जिन्होंने कथित रूप से पीड़ितों को संयुक्त राज्य अमेरिका में अवैध रूप से प्रवेश दिलाने के झूठे वादे कर धोखा दिया, जिसके परिणामस्वरूप उन्हें डिपोर्ट कर दिया गया था।
इस संबंध में, एफआईआर नंबर 4, दिनांक 11/2/2025 जसकरन सिंह, महिंदर सिंह, हरदेव कौर और सुजान सिंह, सभी निवासी टाहली, टांडा, जिला होशियारपुर के खिलाफ दर्ज की गई है। वहीं, एफआईआर नंबर 5, दिनांक 11/2/2025 होशियारपुर के टांडा के एजेंट हैप्पी और तरनतारन के एजेंट गिल के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और इमिग्रेशन अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत थाना एनआरआई होशियारपुर में दर्ज की गई है।
एडीजीपी (एनआरआई मामलों) प्रवीन सिन्हा के नेतृत्व वाली एसआईटी द्वारा उन डिपोर्ट किए गए लोगों की शिकायतों की जांच की जा रही है, जिन्हें ट्रैवल एजेंटों ने अमेरिका में अवैध प्रवेश दिलाने के झूठे वादे कर धोखा दिया था। टीम द्वारा डिपोर्ट किए गए व्यक्तियों के बयान दर्ज कर, धोखेबाज़ ट्रैवल एजेंटों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जा रही हैं।
पंजाब के पुलिस महानिदेशक गौरव यादव ने धोखाधड़ी करने वाले इमिग्रेशन नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई करने और नागरिकों के शोषण को समाप्त करने के लिए पंजाब पुलिस की दृढ़ प्रतिबद्धता व्यक्त की।
उन्होंने सभी नागरिकों से अपील की कि वे ऐसी किसी भी जानकारी को पुलिस के साथ साझा करें, जो इन आरोपियों को पकड़ने में मदद कर सकती हो। उन्होंने कहा कि इन धोखाधड़ी नेटवर्क को खत्म करने के लिए जनता का सहयोग अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने आगे कहा कि लोगों को इस बारे में जागरूक होना चाहिए ताकि अन्य लोग ऐसे धोखेबाज़ इमिग्रेशन सलाहकारों का शिकार होने से बच सकें।
एडीजीपी (एनआरआई मामलों) प्रवीन सिन्हा ने कहा कि एफआईआर में नामजद व्यक्तियों के खिलाफ त्वरित और सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए एनआरआई मामलों से जुड़े विभाग और जिला पुलिस आपसी तालमेल से काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन आरोपियों के सभी पिछले और मौजूदा संपर्कों की जांच की जाएगी ताकि पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जा सके।
पंजाब पुलिस ने सलाह दी है कि इमिग्रेशन सेवाएं लेने वाले व्यक्ति केवल लाइसेंस प्राप्त एजेंटों से ही संपर्क करें और उनके प्रमाणपत्रों की पुष्टि करने के बाद ही कानूनी तरीके से विदेश जाएं।
यह उल्लेखनीय है कि 2024 के अंत में, पंजाब पुलिस के एनआरआई मामलों के विंग और साइबर क्राइम विंग ने प्रोटेक्टोरेट ऑफ इमिग्रेंट्स, चंडीगढ़ के साथ समन्वय कर, बिना आवश्यक लाइसेंस के सोशल मीडिया पर अवैध विज्ञापन देकर विदेशों में नौकरियों का झांसा देने वाली 43 ट्रैवल एजेंसियों के खिलाफ मामला दर्ज किया था।
———
More Stories
ਐਮ.ਆਰ.ਐਸ.ਏ.ਐਫ.ਪੀ.ਆਈ. ਵੱਲੋਂ ਹੋਣਹਾਰ ਕੈਡਿਟਾਂ ਨੂੰ ‘ਅਚੀਵਰਜ਼ ਐਵਾਰਡ’ ਨਾਲ ਸਨਮਾਨਿਤ।
जालंधर में हर रोज गोलियां, कत्ल और गैंगस्टर राज — आम आदमी पार्टी सरकार पूरी तरह फेल!
ਲੋਕ ਸੰਪਰਕ ਵੱਲੋਂ ਸ੍ਰੀ ਗੁਰੂ ਅਰਜਨ ਦੇਵ ਜੀ ਦੇ ਸ਼ਹੀਦੀ ਗੁਰਪੁਰਬ ਅਤੇ ਨਿਰਜਲਾ ਇਕਾਦਸ਼ੀ ਨੂੰ ਸਮਰਪਿਤ ਛਬੀਲ।