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डी.ए.वी. यूनिवर्सिटी में दीक्षारंभ-2026 के दूसरे दिन डिजिटल माइंडफुलनेस, आपदा प्रबंधन, एनएसएस और सशस्त्र बलों पर विशेष सत्र आयोजित।

Director : Manvir Singh Walia 

Editor : Jatin Kumar Sahota 

जालंधर, 04 अगस्त : Prime Punjab 

डी.ए.वी. यूनिवर्सिटी जालंधर में चल रहे दीक्षारंभ-2026 स्टूडेंट इंडक्शन प्रोग्राम के दूसरे दिन नए विद्यार्थियों के समग्र विकास, सामाजिक जागरूकता, मानसिक सशक्तिकरण और राष्ट्र सेवा की भावना को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कई ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायक सत्र आयोजित किए गए।  

 

प्रोग्राम की शुरुआत ब्रह्माकुमारी, माउंट आबू (राजस्थान) के प्रतिनिधियों द्वारा “डिजिटल माइंडफुलनेस : विद्यार्थी सफलता की कुंजी” विषय पर सत्र से हुई। वक्ताओं ने विद्यार्थियों को डिजिटल युग में मानसिक शांति, आत्म-जागरूकता और भावनात्मक संतुलन बनाए रखने के महत्व के बारे में बताया। उन्होंने डिजिटल माध्यमों का संतुलित उपयोग करने, सकारात्मक सोच विकसित करने तथा ऑनलाइन और ऑफलाइन जीवन के बीच संतुलन बनाए रखने पर विशेष जोर दिया।  

 

इसके बाद डॉ. बी.आर. अंबेडकर यूनिवर्सिटी, नई दिल्ली के प्रो. जी.के. शर्मा ने “आपदा प्रबंधन : जागरूकता, तैयारी और संकट से निपटने की क्षमता” विषय पर व्याख्यान दिया। उन्होंने प्राकृतिक एवं अन्य आपदाओं के दौरान सतर्क रहने, आपातकालीन परिस्थितियों में सही निर्णय लेने और प्रभावी प्रबंधन के महत्व को समझाया। उन्होंने कहा कि जागरूकता और सामूहिक भागीदारी से आपदाओं से होने वाले नुकसान को काफी हद तक कम किया जा सकता है।  

इसके बाद डी.ए.वी. यूनिवर्सिटी की डॉ. स्मृति खोसला और डॉ. विद्या पांडे ने राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएस) के बारे में जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को एनएसएस के उद्देश्य, गतिविधियों और समाज सेवा से जुड़ने के अवसरों से अवगत कराया तथा सेवा भावना, नेतृत्व क्षमता और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय योगदान देने के लिए प्रेरित किया।  

दिन के अंतिम सत्र में डी.ए.वी. विश्वविद्यालय केमिस्ट्री विभाग के कोऑर्डिनेटर डॉ. अहमद हुसैन ने भारतीय सशस्त्र बलों पर प्रेरणादायक व्याख्यान दिया। उन्होंने विद्यार्थियों को देशभक्ति, अनुशासन, साहस और निस्वार्थ सेवा जैसे मूल्यों को अपनाने के लिए प्रेरित किया तथा रक्षा सेवाओं में उपलब्ध विभिन्न करियर अवसरों की भी जानकारी दी।  

 

इस अवसर पर यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर प्रो. (डॉ.) मनोज कुमार ने कहा कि दीक्षारंभ का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल शैक्षणिक रूप से सक्षम बनाना ही नहीं, बल्कि उन्हें जिम्मेदार और संवेदनशील नागरिक के रूप में भी तैयार करना है। उन्होंने कहा कि ऐसे सत्र विद्यार्थियों को जीवन के आवश्यक मूल्य और सही दिशा प्रदान करते हैं।  

रजिस्ट्रार डॉ. एस.के. अरोड़ा ने कहा कि डी.ए.वी. विश्वविद्यालय विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर प्रयासरत है। ऐसे कार्यक्रम उन्हें जीवन की वास्तविक चुनौतियों का आत्मविश्वास के साथ सामना करने के लिए तैयार करते हैं।  

 

डीन स्टूडेंट्स वेलफेयर डॉ. कमलजीत कौर सिद्धू ने कहा कि छात्र इंडक्शन कार्यक्रम नए विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय के वातावरण से परिचित कराने और उनमें आत्मविश्वास विकसित करने का एक महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने विद्यार्थियों की उत्साहपूर्ण भागीदारी की भी सराहना की।  

 

कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों ने वक्ताओं के साथ संवाद किया और व्यक्तिगत विकास, आपदा प्रबंधन, समाज सेवा तथा राष्ट्र सेवा से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त कीं। दीक्षारंभ-2026 के अंतर्गत आयोजित ये सत्र विद्यार्थियों को जागरूक, जिम्मेदार और समाज के प्रति संवेदनशील नागरिक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।